# bn/ted2020-1044.xml.gz
# hi/ted2020-1044.xml.gz


(src)="1"> আম র বড় চ ন্ত ট আসল একট অত খুদ্র চ ন্ত য উন্মচন করত প র ক ট ক ট মহ ন চ ন্ত র দ্ব র য গুল এই মুহূর্ত আম দ র মন সুপ্ত অবস্থ য় আছ ।
(trg)="1"> मेर श नद र सुझ व दरअसल एक बहुत , बहुत ह छ ट स न श्कर्ष है ज पट ख ल सकत है ऎसे कर ड़ ं बड़ य जन ओं क ज इस समय हम रे अंदर स ई पड़ हैं .

(src)="2"> এব আম র ছ ট্ট বুদ্ধ য ওই চ ন্ত গুল উন্মচন করব ত হচ্ছ ঘুম ।
(trg)="2"> और मेर व छ ट स सुझ व , ज ससे ये सब कुछ संभव ह प एग , है न ंद .

(src)="3"> ( হ স্য ) ( করত ল ) এই রুম হচ্ছ ট ইপ-এ ন র দ র রুম ।
(trg)="3"> ( ठह क ) ( त ल य ँ ) इस कमरे में बहुत व्यस्त कैर यर व ल सफल मह ल एँ हैं .

(src)="4"> এই রুম আছ ঘুম বঞ্চ ত ন র র ।
(trg)="4"> कमरे भर कम न ंद क म र मह ल एँ .

(src)="5"> আর আম কষ্ট র মধ‍্যদ য় শ খ ছ , য ঘুম কত দ ম ।
(trg)="5"> मैंने भुगत कर ज न क न ंद क क्य महत्व है .

(src)="6"> আড় ই বছর আগ , আম ক্ল ন্ত র চ ট অজ্ঞ ন হয় গ ল ম ।
(trg)="6"> क़र ब ढ ई स ल पहले , मैं म रे थक न के बेह श ह गई .

(src)="7"> আম র ম থ ড স্ক আঘ ত খ য় , আম র গ ল র হ ড় ভ ল ,
(trg)="7"> मेर सर मेज़ से टकर गय , मेर ढुड्ड क हड्ड टूट गई ,

(src)="8"> আম র ড ন চ খ প চট স ল ই পড়ল ।
(trg)="8"> मुझे द ह ने आँख पर प चँ ट ँकें पड़े .

(src)="9"> আর আম য ত্র শুরু করল ম ঘুম র মুল‍্য পুন : উদ্ধ র র য ত্র ।
(trg)="9"> और तब मैंने शुरु क न ंद के मूल्य क फ र से समझने क य त्र .

(src)="10"> এব স ই চ ষ্ট য় , আম পড় শ ন করল ম আম চ ক ৎসক , ব জ্ঞ ন দ র স থ দ খ করল ম এব আম এখ ন আপন দ রক বলত এস ছ য আরও উৎপ দনশ ল , আর উদ্দ প্ত , আর আনন্দময় জ বন র উপ য় হচ্ছ যথ ষ্ট পর ম ণ ঘুম ন ।
(trg)="10"> इस क श श में , मैंने इस पर अध्ययन क य , च क त्सक ं और श धकर्त ओं से मुल क़ त क , ज सके ब द मैं आपक बत सकत हूँ क एक सफल , उर्ज भर , ज़्य द ख़ुशह ल ज़ न्दग प ने क र स्त है पर्य प्त न ंद लेन .

(src)="11"> ( করত ল ) এব আমর ন র র ই এই পথ র অগ্রগ ম হব এই নতুন আন্দল ন আর ন র ব দ উদ্দ পন র মধ ‍্য ।
(trg)="11"> ( त ल य ँ ) और अब हम मह ल एँ , इस मह ल व द मुद्दे पर आन्द लन क र स्त द ख एँग .

(src)="12"> আমর সত ‍্যই ঘুম য় আম দ রক শ র্ষ অবস্থ ন ন য় য ব , আসল ই । ( হ স্য ) ( করত ল ) ক রন দু খজনকভ ব , পুরুষদ র জন্য ঘুম র ঘ টত হয় দ ঁড় য় ছ পুরুষত্বর চ হ্ন ।
(trg)="12"> यूँ कह ल ज ए क हम स ते स ते श र्ष तक पहुँचेंगे . ( ठह क ) ( त ल य ँ ) क्य ंक दुर्भ ग्य से , पुरुष ं के ल ए कम न ंद लेन पुरुषत्व क न श न बन गई है .

(src)="13"> আম এর ম ঝ এক ল ক র স থ র ত র খ ব র খ চ্ছ ল ম য গর্ব কর বলছ ল য স গতর ত্র ম ত্র চ র ঘন্ট ঘুম নর সুয গ প য় ছ ।
(trg)="13"> ह ल ह में मैं एक ऎसे शख्स के स थ ड नर पर गई थ ज न्ह ने बड़ ड ंगें ह ँक क प छल र त व बस च र घंटे स ए .

(src)="14"> আর আম র বলত ইচ্ছ করছ ল ওক --- ক ন্তু বল ন --- আম র বলত ইচ্ছ হয় ছ ল , " তুম ক জ ন ? যদ তুম প ঁচ ঘন্ট ঘুম ত ত হল এই ড ন রট আরও অন ক মজ র হয় উঠত । "
(trg)="14"> मुझे लग क मैं उनसे कहूँ -- ह ल क ं मैंने कह नह ं -- पर मेर मन हुआ कहने क क , ' ज नते हैं ? अगर आपने प ँच घंटे स ए ह ते , त ये ड नर कुछ कम उब ऊ ह त . '

(src)="15"> ( হ স্য ) এদ ক এখন এক ধরন র ঘুম র ঘ টত ন য় ক ড় ক ড় চলছ ।
(trg)="15"> ( ठह क ) आजकल कम न ंद लेने क ह ड़ चल है .

(src)="16"> ব শ ষ কর এই ওয় শ টন , যদ সক ল র ন স্ত র সময় ক র র স থ স ক্ষ ত র চ ষ্ট কর ন আর যদ আপন জ জ্ঞ স কর ন , " আটট র সময় দ খ করল ক মন হয় ? "
(trg)="16"> ख़ सकर यह ँ , व श ंगटन में , अगर आप क स से ब्रेकफ स्ट पर म लन च हें , और पूछें , ' आठ बजे कैस रहेग ? '

(src)="17"> ত র সম্ভবত আপন ক বলব , " আটট ব শ দ র হয় য ব আম র জন্য , ক ন্তু ঠ ক আছ , আম এক গ ম ট ন স খ ল ন ত প রব আর কয় কট কনফ র ন্স কল কর এরপর ত ম র সঙ্গ দ খ কর য ব আটট র সময় "
(trg)="17"> मुमक न है क व आपसे कहे , ' मेरे ह स ब से आठ बजे मतलब क फ देर ह ज एग , खैर ठ क है , तब तक मैं एक गेम टेन स क और कुछ म ट ंग कर लूँग , फ र आपसे आठ बजे म लत हूँ . '

(src)="18"> আর এর এর ম ন ব ঝ ত চ য় য ত র স ঙ্ঘ ত ক ব‍্যস্ত আর উৎপ দনশ ল , ক ন্তু সত্য কথ হচ্ছ ত র আসল নয় , ক রণ আম দ র এই মূহুর্ত , আম দ র প্রত ভ ধর ন ত র আছ ন ব‍্যবস য় , ফ ইন্য নস , র জন ত ত , য র জঘন‍্য ব জ সব স দ্ধ ন্ত ন চ্ছ ন ।
(trg)="18"> उन्हें लगत है क इस सब क मतलब है क व बहुत ज़्य द व्यस्त और क र्यक्षम हैं , पर सच ये है क ऎस ब लकुल नह ं है , क्य ंक हम ने आज तक ऎसे बहुत से प्रत भ श ल नेत ओं क देख है व्यवस य में , अर्थ-व्यवस्थ में , र जन त में , ज न्ह ने बहुत ख़र ब न र्णय ल ए .

(src)="19"> ত ভ ষন ম ধ ব হওয় ম ন এই ন য তুম একজন ভ ল ন ত , ক রণ ন তৃত্ব র ন র্য স হচ্ছ স ই হ মশ ল দ খত প ওয় র ক্ষমত ট ইট ন ক জ হ জক আঘ ত কর র আগ ই ।
(trg)="19"> त स र्फ आई .क्यु ज़्य द ह ने क मतलब ये नह ं क आप अच्छे नेत भ बन ज ते हैं , क्य ंक नेतृत्व-क्षमत क स र ये है क आप ह मशैल क ट ईटैन क से टकर ने से पहले त ड़ सकें .

(src)="20"> আর আম দ র এখন অন ক ব শ হ মশ ল য গুল আম দ র ট ইট ন কগুলক আঘ ত করছ ।
(trg)="20"> हमने ऎसे बहुत ह मशैल देखें हैं हम रे ट ईटैन क ं से टकर ते हुए .

(src)="21"> আসল , আম র এরকম একট ধ রণ ত র হচ্ছ য যদ ল হ্ ভ ইর ল হম ন ভ ই এব ব ন র হত ত হল হয়ত এখনও থ কত আম দ র আশ প শ ।
(trg)="21"> सच कहूँ त मुझे लगत है क अगर लेमैन ब्रदर्स ( लेमैन भ ई ) लेमैन ब्रदर्स एंड स सटर्स ( लेमैन भ ई एवं बहनें ) ह ते , त श यद व आज भ चल रहे ह ते .

(src)="22"> ( করত ল ) য খ ন সব ভ ইর যখন ব‍্যস্ত ক বল ২৪ ঘন্ট / ৭ দ ন ক্রম গত য গ য গ থ ক হয়তব ক ন এক ব ন হ মশ লট ক খ য় ল করত প রত , ক রন স একট স ড় স ত অথব আট ঘন্ট ঘুম দ য় উঠ আসত আর ত র বুঝ -দ খ র ক্ষমত থ কত পুর পর স্থ ট ক ।
(trg)="22"> ( त ल य ँ ) क्य ंक ज स समय स रे भ ई 24 घंटे , स त ं द न ज़बर्दस्त संपर्क स धन में व्यस्त ह ते , उस समय श यद उनक क स बहन क ह मशैल द ख ज त , क्य ंक व स ड़े स त य आठ घंटे क भरपूर न ंद लेकर पूरे पर दृश्य क समझने में सक्षम ह त .

(src)="23"> ত এখন আমর য মুখ মুখ হচ্ছ সব ব ভ ন্ন প্রকৃত র সঙ্কট র স থ এই মূহুর্ত আম দ র এই পৃথ ব ত , য ক ছু আম দ র জন্য ব্যক্ত গতভ ব ভ ল , য আরও আনন্দ , কৃতজ্ঞত , বয় আনত প র , আম দ র জ বন আরও ক র্যক র ত আনত প র , এব আম দ র ন জস্ব প শ র জন্য ভ ল হত প র , স ট হব ব শ্ব র জন্যও সবচ য় ভ ল ।
(trg)="23"> आज जह ँ हम व श्व में एक ध क समस्य ओं से जूझ रहे हैं , तब ज उप य व्यक्त गत स्तर पर ज़्य द ख़ुश , आभ र , और स र्थकत से हम रे ज वन क भर दे और हम रे ज वनय पन के ल ए भ सबसे ल भकर ह , वह पूरे व श्व के ल ए भ सबसे अच्छ ह ग .

(src)="24"> ত ই আপন দ র ক ছ আম র ম নত য আপন র চ খ বন্ধ করুন আর আব ষ্ক র করুন সব মহ ন উদ্ভ বন চ ন্ত গুল য গুল ঘুম য় আছ আম দ র অন্তর , বন্ধ করুন আপন দ র ইঞ্জ ন আর আব স্ক র করুন ঘুম র ক্ষমত ।
(trg)="24"> इसल ए मैं आपसे अनुर ध करत हूँ क अपन आँखें बंद क ज ए और उन अन खे व च र ं क ढूँढ न क ल ए ज हम रे अंदर छुप हैं , अपने मश न ं क बंद कर ए , और न ंद क त क़त क ज न ए .

(src)="25"> ধন‍্যব দ ।
(trg)="25"> धन्यव द .

(src)="26"> ( করত ল )
(trg)="26"> ( त ल य ँ )

# bn/ted2020-1045.xml.gz
# hi/ted2020-1045.xml.gz


(src)="1"> ক রআন স্বর্গ অর্থ ৎ জ ন্ন ত র কথ উঠল ৭২ কুম র কন্য র উল্ল খ অন ক ই শুন ছ ন ন শ্চয় , ত দ র ন য় পর কথ হব ।
(trg)="1"> आपने श यद सुन ह ग क क़ुर न में स्वर्ग क कल्पन में 72 हूर य ँ हैं . मैं व द करत हूँ क इस व षय पर मैं फ र चर्च करुँग .

(src)="2"> তব তথ্য এট ই , য ক রআন র স্বর্গ র য বর্ণন ৩৬ ব র - ' স্র তস্ব ন প্রব হ ক দ র দ্ব র স ঞ্ছ ত ব গ ন ' - বল দ য় আছ , আম দ র এই সুন্দর উত্তর-পশ্চ ম ঞ্চল অন কট স ই রকম । আম য হ তু ল ক ইয়ুন য়ন র জল র উপর
(trg)="2"> पर यह ँ , उत्तर-पश्च म में , हम कुछ ऎसे व त वरण में रह रहे हैं ज क़ुर न में व स्तव में द ए स्वर्ग क कल्पन से बहुत मेल ख त है , ज सक व्य ख्य 36 ब र म लत है ' बहत ध र ओं से स ंच त बग च ं ' के रूप में .

(src)="3"> হ উস-ব ট এ থ ক , স খ নক র অপূর্ব স ন্দর্য র ম ঝ বস স্বর্গ র এই বর্ণন -র যথ র্তত মর্ম মর্ম অনুভব কর ।
(trg)="3"> चूंक मैं लेक युन यन में ज म लने व ल ध र में एक ह उस-ब ट पर रहत हूँ , इसल ए स्वर्ग के इस च त्रण से मैं पूर इत्तेफ़ क़ रखत हूँ .

(src)="4"> ক ন্তু ক ন ব শ রভ গ ল ক র ই ক রআন দ য় স্বর্গ র বর্ণন জ ন ন ?
(trg)="4"> पर ऎस क्यूँ है क अध क ंश ल ग इस ब रे में ज नते नह ं ?

(src)="5"> ভ ল মন ক রআন পড়ত শুরু কর অন ক অ-মুস্ল মদ র দ খ ছ , ক রআন পড় শুর কর ও ত র সম্পূর্ণ ভ ন্ন চর ত্র র স থ খ প খ ওয় ত ন প র ম ঝ পথ ই হ ল ছ ড় দ ত ।
(trg)="5"> मैं ऎसे कई नेक़न यत अ-मुस्ल म ल ग ं क ज नत हूँ ज न्ह ने क़ुर न पढ़न शुरू त क य , पर ब च में ह छ ड़ द य , उसके अलग चर त्र से परेश न ह कर .

(src)="6"> ইত হ সক র থম স ক র্ল ইল মুহ ম্মদক ব শ্ব র মহ নতম ন য়কদ র মধ্য ফ ল ন , ক ন্তু উন ও ক রআন পড় ন য় মন্তব্য কর ছ ল ন - ' প্রচন্ড কঠ ন ক জ , খট মট , দুর্ব ধ্য ঘ্য ঁট । '
(trg)="6"> इत ह सक र थ मस क रल ईल मुहम्म्द क व श्व के मह नतम न यक ं में से म नते हैं , लेक न उनक भ क़ुर न के ब रे में कहन थ , ' मेर पढ़ कठ नतम क़ त ब , थक देने व ल , अस्पष्ट ख चड़ . '

(src)="7"> ( হ স ) আম র মন হয় , এই সমস্য র একট ক রণ ক রআনক অন্য সকল বই এর মত ই সহজ পড় ফ ল র চ ষ্ট -- ক ন বৃষ্ট র দূপুর , শুয় শুয় পপ-কর্ন চ ব ত চ ব ত বই পড় , ভ বট এমন , য ন ভগব ন স্বয় -- মন র খব ন ক রআন- পুর ট ই মুহ ম্মদ ক বল আল্ল হর ব ণ -- য ন আর দশট ব স্ট-স ল র ল খক র এর মত ই !
(trg)="7"> ( हँस ) मुझे लगत है क समस्य क इक स र ये है हम ये समझ लेते हैं क क़ुर न क ब क क़ त ब ं क तरह पढ़ ज सकत है -- ब र श क द पहर में स ए हुए प पक र्न क कट र स थ ल ए , जेसे क ईश्वर -- समूच क़ुर न मुहम्म्द क बत ई ईश्वर क कह ब तें हैं -- जैसे क ईश्वर ब क बेस्ट-सेल ंग लेखक ं जैसे ह ह ं !

(src)="8"> খুব কম স খ্যক ল ক সত্য ক রআন পড় ন বল ই য ক উ এব সকল ই ক রআন উদ্ধৃত কর , য ব শ রভ গ সময় ই ভুল ।
(trg)="8"> मगर इतने कम ल ग ं क सच-मुच में क़ुर न पढ़न ह वजह है ज ससे इतन आस न से इसक हव ल दे द य ज त है -- और अक़्सर ग़लत हव ल ह द य ज त है .

(src)="9"> কথ র টুকর তুল , ভ গ -চুর , ন জ র ' সুব ধ মত অর্থ ' প শ কর গ ঁড় ক ঠ-ম ল্ল র ও প্র য়-ই কর থ ক ন , আর কট্টর ইস্ল ম-ব র ধ র ও ।
(trg)="9"> मूल प्रसंग से उठ कर व क्य ंश ं क ं त ड़ - मर ड़ कर ध्य न आकर्षण के ल ए इस्तेम ल क य ज त है , ये तर क़ कठमुल्ल ं क भ बहुत सुह त है और मुस्ल म व र ध इस्ल म से च ढ़ने व ले ल ग ं क भ .

(src)="10"> এব র বল গত বসন্ত র কথ , আম মুহ ম্মদ-এর জ বন-ক হ ন ল খ শুরু করত য চ্ছ ল ম , তখন মন হল , আগ আম র ক রআনট ঠ ক কর পড় উচ ৎ ম ন যতট আম র স ধ্য কুল য় আর ক !
(trg)="10"> त प छले बसंत , जब मैं तैय र ह रह थ मुहम्मद क ज वन ल खने के ल ए , मुझे एहस स हुआ क पहले मुझे क़ुर न अच्छे से पढ़न च ह ए -- ज तने अच्छे से मुझसे संभव ह प त .

(src)="11"> আম র আরব -জ্ঞ ন ড ক্সন র ন র্ভর , ত ই আম চ রট ন ম-কর অনুব দ প শ -প শ ফ ল পড়ব ঠ ক করল ম , প্রত ট ছন্দ , ত দ র উচ্চ রণ আর মুল সপ্তম শত ব্দ র আরব স স্করণ স গ র খ ।
(trg)="11"> मेर अरब क ज्ञ न अभ ड क्शनर पर आश्र त थ , इसल ए मैंने च र प्रस द्ध अनुव द ल ए और उन्हें स थ - स थ पढ़ने क न श्चय क य , एक एक आयत अरब शब्द ं के र मन ल प्य ंतरण और स तव ं शत ब्द के मूल अरब रूप सह त .

(src)="12"> আম র একট সুব ধ ছ ল ।
(trg)="12"> मेरे प स एक सुव ध थ .

(src)="13"> আম র আগ র বই ট শ য় -সুন্ন ব ভ দ ন য় ছ ল , ত ই স সময় ইস্ল ম র প্র চ নতম ইত হ স ন য় আম য় প্রচুর চর্চ করত হয় ছ ল । ফল ই , ক রআন ঘুর ফ র ব র ব র উল্ল খ ত ঘটন গুল আম র ম ট মুট জ ন ছ ল ।
(trg)="13"> मेर प छल क़ त ब श य -सुन्न व भेद क कह न पर थ , ज सके ल ए मैंने प्र च नतम इस्ल म इत ह स पर सघन क म क य थ , इसल ए मुझे उन घटन ओं क पत थ ज नक क़ुर न में ब र-ब र उल्लेख है , और उनक पर प्रेक्ष भ .

(src)="14"> আম র জ্ঞ ন র দ ড় যতটুকু ছ ল , ত ত ক রআন চর্চ য় আম র স্থ ন এক বহ র গত র মত ছ ল , য ক ছুট জ ন , ক ছুট অভ জ্ঞত ও র খ , ক ন্তু শ ষ-ম শ , একট ব ইর র ল ক , এক অব শ্ব স ইহুদ , য ক ন অন্যদ র ধর্ম-গ্রন্থ পড় র চ ষ্ট করছ !
(trg)="14"> मुझे उतन ज्ञ न थ , ज ससे मैं क़ुर न में एक पर्यटक क भ ंत व चरण कर सकत थ -- एक ज नक र पर्यटक , थ ड़ अनुभव भ , लेक न फ र भ ब हर क आदम , एक अव श्व स यहूद ज क स दूसरे क धर्म ग्रंथ पढ़ रह थ .

(src)="15"> ( হ স ) আম ত ই আস্ত আস্ত পড় শুরু করল ম ।
(trg)="15"> ( हँस ) त मैं ध रे - ध रे पढ़ने लग .

(src)="16"> ( হ স ) আম এই ক জ র জন্য ত ন সপ্ত হ র সময় ধ র্য কর ছ ল ম , অত আত্মব শ্ব স র চমৎক র ন দর্শন -- ( হ স ) -- ক রণ ত ন সপ্ত হ গ য় ঠ কল ত ন ম স ।
(trg)="16"> ( हँस ) मैंने इस प्र जेक्ट के ल ए त न हफ्ते क समय न र्ध र त क य थ , इस क श यद घमण्ड कहते हैं . ( हँस ) क्य ंक इस क म में त न मह ने लग गए .

(src)="17"> ছ ট আর ব শ রহস্যব দ অধ্য য়গুল আগ -ভ গ চট কর পড় ন ওয় র প্রল ভন প শ ক ট ত হয় ছ ল ।
(trg)="17"> मैं इस ल लच से बचत रह क अंत के छ टे और स्पष्टत अध क रहस्यव द अध्य य ं पर स धे पहुँच ज ऊँ .

(src)="18"> ক ন্তু য ই ন মন হত , য , হ্য ঁ , এব র ক রআন এর মর্ম প ঁছত প রছ , এব র ব্য প রট আয়ত্ত আসছ -- পরদ নই স ই ভ বট ছু হয় য ত , আর সক ল বস ভ বত ম , আম অচ ন , ক ন্ত তবু ও
(trg)="18"> लेक न जब जब मुझे लगने लगत क अब मैं क़ुर न क समझने लग हूँ -- लगत क अब ' ये मेर पकड़ में आ रह है ' -- त दूसरे ह द न ये भ वन छू - मंतर ह ज त . और सुबह मैं ये सव ल ल ए फ र जुट ज त क क्य मैं क स अजनब दुन य में भटक गई हूँ .

(src)="19"> খুব চ ন এক জগত য ন হ র য় গ ছ ।
(trg)="19"> मगर ये क्षेत्र थ बहुत ह ज न पहच न .

(src)="20"> ক র ন বল , য স ট র হ ( ইহুদ ধর্ম-গ্রন্থ ) আর গস্প ল ( খ্র স্ট ন ধর্ম-গ্রন্থ ) এর ব ণ নতুন কর বলত এস ছ । ত ই , ক র ন র এক-তৃত য় শ
(trg)="20"> क़ुर न कहत है क व ट र ( मुस क प ँच क़ त बें ) और ग स्पेल ( धर्मन र्देश ) में द ए संदेश ं क ह द हर त है . त उसक एक-त ह ई

(src)="21"> ব ইব ল এর ন ন চর ত্র , য মন আব্র হ ম , মুস , জ স ফ , ম র আর য শু - র ক হ ন বল ।
(trg)="21"> ब ईबल के प त्र ं क कह न य ं क ह पुन बय न करत है जैसे क अब्र हम , मुस , ज सेफ , मेर , इस .

(src)="22"> ঈশ্বর ন জ , ন জ র আগ র ইয় হ্য় -র অবত র র মত ই , ইর্ষ পর য়ণ জ র র সঙ্গ অন্য আর ক ন ঈশ্বর ন ই , স ব্যস্ত কর ন ।
(trg)="22"> ईश्वर ख़ुद अपने पहले के यह व व ले रूप से पर च त थे -- इस इर्ष्य में अड़े हुए क दूसर ईश्वर नह ं है .

(src)="23"> ঊঁট , প হ ড় , মরুভুম র কুঁয় আর ঝরণ র উল্ল খ আম য় স ইন ই মরভুম ঘুরত ঘুরত ক ট ন বছরট র কথ মন পড় য় দ ছ্ছ ল ।
(trg)="23"> ऊंट ं , पह ड़ ं क ह न , रेग स्त न कुंएँ और झरने मुझे उस स ल क य द द ल रहे थे ज मैंने स न ई मरूभूम में भटकते हुए गुज़ र .

(src)="24"> আর স ই ভ ষ , ত র সুর ল ছন্দ স ই ব ক লগুল র কথ মন পড় য় দ চ্ছ ল , যখন বস বস ব দূইন বুড় দ র মুখ , ব শ কয় ক ঘন্ট লম্ব মুখস্ত ক ব্য ক হ ন শুনত ম ।
(trg)="24"> और फ र व भ ष , उसक लयबद्ध मूर्च्छन , मुझे उन श म ं क य द द ल रहे थे ज मैंने बेदुव न ( बद्दु ) प्र ढ़ ं से घंट ं चलने व ल क व्य ं कथ ओं क सुनते हुए ब त ईं ज उन्हें ज़ब न य द थे .

(src)="25"> আর আম তখন বুঝল ম ক ন বল হয় , য ক রআন ক ক রআন র মত জ নত হল ক রআন ক আরব ত জ নত হব ।
(trg)="25"> और तब मुझे समझ आने लग क क्य ं ये कह ज त है क क़ुर न क क़ुर न क तरह ज नने क ज़र य स र्फ अरब है .

(src)="26"> ধরুন , ফ ত হ হ্ এর কথ ই ন ই , স তট আয় ত র প্রথম অধ্য য় , য ঈশ্বর র এর প্র র্থন ই শুধু নয় , ইসল ম র শ ম -ইস্র য় ল ( প্রমুখ প্র র্থন ) ও বট ।
(trg)="26"> मसलन फ त ह ह क ल ज ए , स त आयत ं क पहल अध्य य ज ईश्वर क प्र र्थन के स थ स थ इस्ल म क प्रमुख प्र र्थन भ है .

(src)="27"> আরব ত ফ ত হ হ্ ম ত্র ২৯ শব্দ র , ক ন্তু অনুব দ র করল দ খ য য় এট গ য় দ ঁড় চ্ছ ৬৫ থ ক ৭২ শব্দ ,
(trg)="27"> अरब में ये स र्फ 29 शब्द ं में है , पर अनुव द ं में 65 से 72 तक .

(src)="28"> আর ত রপর ও , যত ব শ কর ই ন বল , ততই মন হয় সব বল হল ন !
(trg)="28"> और ज तन आप इसमें शब्द ज ड़ते ज ते हैं , उतन ह लगत है क कुछ छूट गय .

(src)="29"> আরব উচ্চ রণ শ ল মন্ত্রমুগ্ধ কর দ ত প র , য ট শুধু পড় ব ঝ য ব ন , শুনত হব , তর্ক ত র্ক কত র চ য় অনুভুত র দরক র ব শ ।
(trg)="29"> अरब उच्च रण ं में मंत्रमुग्ध कर देने क क्षमत है इसल ए इसक प्रभ व पढ़ने से सुनने में ज़्य द आत है , इसे समझने से ज़्य द महसूस करने क ज़रूरत है .

(src)="30"> দরক র সস্বর উচ্চ রণ কর , য ত এট র স গ ত জ ভ আর ক ন ছুঁয় য ত প র ।
(trg)="30"> इसे सस्वर उच्च र त करन ह ग , त क इसक संग त क न ं और ज़ब न क छूँ सके .

(src)="31"> ত ই ই র জ ত ক রআন ন জ র ছ য় ম ত্র , ব আর্থর আরব র ন জ র কর অনুব দ ন য় য বল ছ ল ন , ' সপ্রসঙ্গ ব্য খ্য । '
(trg)="31"> त क़ुर न अंग्रेज़ में अपन छ य म त्र है , य जैस ऑर्थर आरबेर ने अपने अनुव द के ब रे में कह , ' एक व्य ख्य ' .

(src)="32"> ক ন্তু অনুব দ সব য হ র য় য য় , ত নয় ।
(trg)="32"> पर अनुव द में सब कुछ ख गय ऎस भ नह ं है .

(src)="33"> ক রআন য মন বল আছ , ত মনই , সবুর ম ওয় ফল । অন ক আশ্চর্য কর র মত জ ন ষ ও আছ -- য মন পর ব শ ন য় একটু সচ তনত , আর ঈশ্বর র সৃষ্ট ত ম নুষ র ন ম ত্ত ম ত্র হওয় র ব ধ , য র তুলন ব ইব ল প ওয় য য় ন ।
(trg)="33"> जैस क क़ुर न व द करत है , सब्र क फल म लत है , और कुछ त ज्जुब करने व ल ब तें भ हैं -- जैसे थ ड़ बहुत पर्य वरण सचेतनत और मनुष्य क ईश्वर क सृष्ट में न म त्त म त्र ह ने क एहस स , ज नक पर्य य ब ईबल में नह ं म लत .

(src)="34"> ত ছ ড় য খ ন ব ইব ল ক বলম ত্র পুরুষদ র সম্ব ধন কর , কথ্য ভ ষ্য পুল ঙ্গ দ্ব ত য় আর তৃত য় পুরুষ এ , স খ ন ক রআন ক ন্তু মহ ল দ র ও উদ্দ শ কর -- য মন ক রআন বল আস্থ র খ পুরুষ আর আস্থ র খ মহ ল দ র কথ , সম্ম lন য় পুরুষ আর সম্ম ন য় মহ ল দ র কথ ।
(trg)="34"> और जह ँ ब ईबल केवल पुरूष ं क ह सम्भ ष त करत है , पुल्ल ंग द्व त य पुरूष और तृ्त य पुरूष के व चन में , वह ं क़ुर न मह ल ओं क भ श म ल करत है -- जैसे क़ुर न ब त करत है पुरूष ं पर व श्व स और स्त्र य ं पर व श्व स करने पर -- सम्म नन य पुरुष और सम्म नन य मह ल एँ .

(src)="35"> ব ক ফ রদ র ম র র স ই কুখ্য ত আয় ত র কথ ই ধরুন ।
(trg)="35"> य फ र आप उस कुख्य त आयत क ह ल ज ए ज समें क़ फ र ं क म रने क ब त कह गई है .

(src)="36"> হ্য ঁ , আয় ত এট বল বট , ক ন্তু একট ব শ ষ প্রসঙ্গ পব ত্র শহর ম ক্ক ব জয় র প্রস্তুত ত , ম ক্ক ত এমন ত ম র-প ট ন ষ দ্ধ ছ ল ,
(trg)="36"> ह ँ , इसमें ज़रूर ऎस कह गय है , लेक न बहुत ह व शेष संदर्भ में : पव त्र शहर मक़्क पर चढ़ ई से पहले , जह ँ स म न्यत युद्ध क मन ह थ .

(src)="37"> আর লড় র এই অনুমত ও অন ক ন ষ ধ এর সঙ্গ দ ওয় ।
(trg)="37"> पर ये अनुमत भ बहुत स र शर्त ं और ह द यत ं के स थ द गई .

(src)="38"> ' ম ক্ক ত ক ফ রদ র ম রত ই হব ' নয় , বল আছ ' ম রত প র , যদ ত র অনুমত থ ক , ক ন্তু র য় ত এর ম য় দ পুর হয় গ য় থ কল এব তখন ই , যদ ক ন সন্ধ স্থ পন ন হয় থ ক আর ত ত ও যদ ওর ত ম দ র ক ব য ত ব ধ দ য় থ কল , এব তখন ই , যদ ওর প্রথম আক্রমণ কর ।
(trg)="38"> आप क़ फ़ र ं क मक़्क में नह ं म र सकते , मगर इज ज़त म ले त ऎस कर सकते हैं , पर स र्फ तब जब र य यत क वक़्त ख़त्म ह गय ह और तब तक क ई दूसर समझ त भ न ह प य ह और व भ तब जब व आपक क़ ब ज ने से र कें , और उसमें भ तब जब पहले हमल व करें .

(src)="39"> ক ন্তু ত রপর ও - ঈশ্বর দয় ময় , ক্ষম কর দ ওয় ই শ্র য় -- আর ত ই , ক র্যত , ন ম রল ই ভ ল ।
(trg)="39"> इस पर भ -- ईश्वर दय न ध न है , म फ कर देन सबसे बड़ मह नत है -- और इसल ए , अन व र्य रूप से , बेहतर यह है क आप न म रें .

(src)="40"> ( হ স ) তব সবচ য় আশ্চর্য র ব্য প র -- ক রআন কতট উদ র , মন কট্টর গ ঁড় ম প ষন ন কর দ খল ই ত দ খ য ব ।
(trg)="40"> ( हँस ) सबसे बड़ आश्चर्य श यद यह थ -- क क़ुर न क तन उद र है , कम से कम उनके ल ए ज मूलत रूढ़ व द नह ं हैं .

(src)="41"> ক রআন বল , ' কয় কট আয় ত র অর্থ সুস্পষ্ট , আর কয় কট র এক ধ ক অর্থ হত প র । '
(trg)="41"> ' इनमें से कुछ आयत ं के अर्थ स्पष्ट हैं ' , ये कहत है , ' और कुछ के थ ड़े अस्पष्ट .

(src)="42"> কুট ল , কুচুট ল ক র এই অস্পষ্টত ট র ই ফ য়দ ত ল , অশ ন্ত , লড় ই ব ধ য় ন জ দ র উদ্দ শ্য স দ্ধ করত ।
(trg)="42"> पंक ल हृदय व ले इन अस्पष्टत ओं क इस्तेम ल अश ंत फैल ने क कव यद में करेंगे , इनक अपने स्व र्थ नुस र व्य ख्य करके .

(src)="43"> একম ত্র ঈশ্বর ই সঠ ক অর্থ ক , জ ন ন ।
(trg)="43"> बस ईश्वर ह है ज सच ज नत है . '

(src)="44"> ' ঈশ্বর সুক্ষ্ম ' , এই কথ ট ( ক রআন ) ব র ব র ঘুর ঘুর আস , আর সত্য কথ বলত , আম দ র যতট ব ঝ ন হয় , ক রআন ত র থ ক অন ক ব শ সুক্ষ্ম । য মন ধরুন ,
(trg)="44"> ये जुमल , ' ईश्वर सूक्ष्म है ' ब र ब र द हर य गय है . और सचमुच में , समूच क़ुर न हमें ज तन बत य ज त है , उससे क फ ज़्य द सूक्ष्म है . मसलन ,

(src)="45"> স ই ছ ট্ট ব ষয় কুম র আর স্বর্গ ন য় ।
(trg)="45"> व छ ट स मुद्द हूर य ं और स्वर्ग व ल .

(src)="46"> এক্ষ ত্র প্র চ্য র পুর ন -পন্থ ধ্য ন-ধ রণ র ব শ ষ ভুম ক আছ ।
(trg)="46"> यह ँ पूरब क सन तन स च क असर द खत है .

(src)="47"> এই প্রসঙ্গ য শব্দ চ র ব র ব্যবহ র কর হয় ছ , ত হল ' হুর ' য ব ঝ ন হয় ক জল-নয়ন ভ র বক্ষ র কন্য , অথব গ র গ ত্রবর্ণ ভ র ন তম্ব র কুম র বল ।
(trg)="47"> ज स शब्द क च र ब र द हर य गय है व है ' हूर ' , ज नक वर्णन क ल आँख ं व ल भ र वक्ष क कन्य ओं के रूप में य फ र सुंदर , भ र न तंब व ल कुम र य ं के रूप में क य गय है .

(src)="48"> ক ন্তু এ সব ব্য খ্য ন য মুল আরব শব্দ ন য় , স ট হল - ' হুর ' ।
(trg)="48"> लेक न मूल अरब में केवल एक शब्द है : ' हूर . '

(src)="49"> ত ত ভ র বক্ষ অথব ন তম্ব ত ক থ ও ন ই !
(trg)="49"> क ई भ र वक्ष य न तंब नह ं .

(src)="50"> ( হ স ) কথ ট র প্রয় গ ক ন্তু ' পব ত্র আত্ম " , য মন ধরুন দ বদুত -- ব ঝ ত ও হয় থ কত প র -- অথব গ্র ক ক রস্ ব ক র এর মত চ রয বন এর প্রত ক হ স ব ।
(trg)="50"> ( हँस ) अब ये पव त्र ज व त्म ओं के वर्णन क तर क़ ह सकत है जैसे क देवदूत य फ र युन न क र ( पुल्ल ंग ) य क रे ( स्त्र ल ंग ) जैसे , च रयुव .

(src)="51"> তব সত্য এট ই , য ক উ ই ঠ ক জ ন ন ,
(trg)="51"> पर सच्च ई ये है क सच क्य है क ई नह ं ज नत

(src)="52"> আর আসল ব্য প রট ত ই ।
(trg)="52"> और यह ध्य न में रखने व ल ब त है .

(src)="53"> ক রণ ক র আন খুব স্পষ্ট বল , য আপন ' স্বর্গ নতুন রুপ ধ রন করব ন ' আর আপন র ' সম্পূর্ণ অচ ন ক ন রুপ আপন র পুনর্জন্ম হব , ' আম র ক ছ স ট ক ন্তু ক ন কুম র কন্য প ওয় র থ ক ব শ আকর্ষক প্রস্ত ব !
(trg)="53"> क्य ंक क़ुर न बहुत स्पष्ट है जब व आपसे कहत है क आप ' स्वर्ग में एक नई सृ्ष्ट बनेंगे ' और आपक ' आपक कल्पन के परे क स रूप में पुनर्सृ्जन ह ग ' , ज मेरे ल ए कह ं ज़्य द आकर्षण य है क स हूर क प ने क तुलन में .

(src)="54"> ( হ স ) আর হ্য ঁ ওই ৭২ এর স খ্য ক থ ও ন ই ।
(trg)="54"> ( हँस ) और व 72 क आंकड़ कह ं नह ं आत .

(src)="55"> ক র ন ৭২ কুম র কন্য -র উল্ল খ ন ই ।
(trg)="55"> क़ुर न में कह ं भ 72 हूर य ं क उल्लेख नह ं है .

(src)="56"> এই ধ রণ ট ৩০০ বছর পর এস ছ , আর ব শ রভ গ ইসল ম ব দ্ধ র ওই য ম ঘ র উপর হ র্প হ ত বস থ ক ল ক দ র খ্র স্ট ন ধ রন -র মত ই মন কর ন ।
(trg)="56"> ये कल्पन 300 स ल ब द क है , ज से ज़्य द तर ईस्ल म ब द्ध ब दल ं पर बैठे पंख ं व ले ह र्प बज ते ल ग ं जैस कल्पन ह समझते हैं .

(src)="57"> স্বর্গ ক ন্তু এর থ ক এক ব র ই আল দ ।
(trg)="57"> ( क़ुर न में ) स्वर्ग इसके ब लकुल व पर त है .

(src)="58"> স্বর্গ ক ম র্য্য নয় ; স্বর্গ উর্বরত । স্বর্গ প্র চুর্য ( ক রআন ) স্বর্গ ছ ট ছ ট নদ র জল
(trg)="58"> व क म र्य नह ं , उर्वरत है , व प्र चूर्य है , उसमें बहत ध र ओं से स ंच त

(src)="59"> স ঞ্চ ত ব গ ন ।
(trg)="59"> बग चे हैं .

(src)="60"> ধন্যব দ ।
(trg)="60"> धन्यव द .

(src)="61"> ( হ ত-ত ল )
(trg)="61"> ( त ल य ँ )

# bn/ted2020-1130.xml.gz
# hi/ted2020-1130.xml.gz


(src)="1"> মন করুন একট বড় ব স্ক রণ ঘটল যখন আপন ৩০০০ ফুট উপর উঠছ ন ।
(trg)="1"> स च ये एक बडे व स्फ़ ट के ब रे में जब आप ३००० फ़ ट क ऊँच ई से ऊपर ज रहे ह ं ।

(src)="2"> মন করুন একট প্ল ন ধ ঁয় য় আচ্ছন্ন ।
(trg)="2"> कल्पन क ज ये धुँए से भरे एक हव ई-जह ज़ क ।

(src)="3"> মন করুন একট ইঞ্জ ন চলছ ক্ল ক , ক্ল ক , ক্ল ক , ক্ল ক , ক্ল ক , ক্ল ক , ক্ল ক , ক্ল ক করছ ।
(trg)="3"> स च ये इंजन क क्लैक क्लैक क्लैक करत आव ज़ , क्लैक क्लैक क्लैक क्लैक क्लैक क्लैक

(src)="4"> শুনত ভয় বহ ল গ ।
(trg)="4"> व बहुत डर वन आव ज़ ह त है ।

(src)="5"> আসল স দ ন আম র বস র জ য়গ ট ছ ল অদ্ব ত য় । আম বস ছ ল ম ১ ড ' ত ।
(trg)="5"> खैर , मैं उस द न एक ख़ स स ट पर थ । १-ड ।

(src)="6"> আম ছ ল ম একম ত্র ম নুষ য ফ্ল ইট অ্য ট ণ্ড ন্ট র স থ কথ বলত প র ।
(trg)="6"> मैं ह एक ऐस व्यक्त थ ज क फ़्ल इट पर च रक ं से ब त कर सकत थ ।

(src)="7"> ত ই , আম ত দ র দ ক স জ সুজ ত ক ল ম , এব ত র বলল , " ক ন সমস্য ন ই । আমর সম্ভবত কয় কট প খ ক আঘ ত কর ছ । "
(trg)="7"> त मैनें उनक तरफ़ देख , और उन्ह ंने कह , " क ई द क्कत नह ं है । श यद क ई च ड य टकर गय है । "

(src)="8"> প ইলট ইত মধ্য ব ম নক ঘুর য় ন য় ছ , এব আমর খুব একট দূর ছ ল ম ন ।
(trg)="8"> प यलट नें तब तक जह ज़ क व पस म ड ल य थ , और हम बहुत दूर नह ं थे ।

(src)="9"> ম্য নহ্য টন দ খ য চ্ছ ল ।
(trg)="9"> आप मैनहैटन क देख सकते थे ।

(src)="10"> দুই ম ন ট পর , ত নট জ ন স একস থ ঘটল ।
(trg)="10"> द म नट ब द , त न च जें एक स थ घट त हुईं ।

(src)="11"> প ইলট ব ম নক হ ডসন নদ বর বর প্ল নক ঘুর য় ন ত ল গল ।
(trg)="11"> प यलट ने जह ज़ क हडसन नद क स ध ई में कर ल य ।

(src)="12"> স ট ক ন্তু মূল গত পথ র অ শ ছ ল ন । ( হ স )
(trg)="12"> ज्य द तर , ये र स्त नह ं ह त है । ( हँस )

(src)="13"> ত ন ইঞ্জ ন বন্ধ কর ফ লল ন ।
(trg)="13"> उसने इंजन बंद कर द ये ।